बजट
यहाँ बजट 2024-25 का सरल हिंदी संस्करण है:
### केंद्रीय वित्त
- **कुल खर्च**: ₹ 48.2 लाख करोड़ (पिछले साल ₹ 44.4 लाख करोड़ से बढ़ा)
- **राजस्व खर्च**: ₹ 37.1 लाख करोड़
- **पूंजीगत खर्च**: ₹ 11.1 लाख करोड़
### आय
- **कुल आय**: ₹ 48.2 लाख करोड़
- **राजस्व आय**: ₹ 31.3 लाख करोड़
- **पूंजीगत आय**: ₹ 16.9 लाख करोड़
### घाटा
- **राजकोषीय घाटा**: जीडीपी का 4.9%
- **राजस्व घाटा**: जीडीपी का 1.8%
### जीडीपी और वृद्धि
- **कुल जीडीपी**: ₹ 326 लाख करोड़
- **वृद्धि दर**: 10.5%
### कर राजस्व
- **कुल कर संग्रह**: ₹ 38.4 लाख करोड़
### बजट का फोकस
- **मुख्य समूह**: गरीब, महिलाएं, युवा, किसान
- **मुख्य थीम**: रोजगार, कौशल विकास, छोटे व्यवसाय, मध्यम वर्ग
### कृषि
- **नई किस्में**: बेहतर बीजों की उच्च उपज
- **प्राकृतिक खेती**: 1 करोड़ किसानों को प्राकृतिक खेती में सहायता
### रोजगार और कौशल विकास
- **रोजगार योजनाएँ**: नए कर्मचारियों को भर्ती करने के लिए प्रोत्साहन
- **कौशल प्रशिक्षण**: 5 साल में 20 लाख युवाओं को प्रशिक्षण
### सामाजिक न्याय
- **पूर्वोदय**: बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, आंध्र प्रदेश पर ध्यान केंद्रित
- **जनजातीय विकास**: 63,000 जनजातीय गांवों की सहायता
### विनिर्माण और सेवाएँ
- **छोटे व्यवसायों के लिए समर्थन**: आसान ऋण, मुद्रा ऋण की उच्च सीमा
- **इंटर्नशिप**: 1 करोड़ युवाओं को शीर्ष कंपनियों में इंटर्नशिप
### शहरी विकास
- **शहर योजना**: बड़े शहरों में बेहतर सार्वजनिक परिवहन और स्ट्रीट मार्केट
- **आवास**: शहरी गरीबों और मध्यम वर्ग के लिए अधिक किफायती घर
### ऊर्जा
- **स्वच्छ ऊर्जा**: स्वच्छ ऊर्जा की ओर संतुलित संक्रमण के लिए नीतियाँ
- **नाभिकीय ऊर्जा**: छोटे रिएक्टरों पर निजी क्षेत्र के साथ काम
### बुनियादी ढांचा
- **बड़ा खर्च**: बुनियादी ढांचे के लिए ₹ 11.11 लाख करोड़
- **ग्रामीण सड़कें**: 25,000 ग्रामीण बस्तियों के लिए नई सड़कें
### नवाचार और अनुसंधान
- **अनुसंधान कोष**: अनुसंधान और विकास के लिए समर्थन
- **अंतरिक्ष कोष**: अंतरिक्ष उपक्रमों के लिए ₹ 1,000 करोड़
### सुधार
- **आर्थिक सुधार**: उत्पादकता और बाजार दक्षता में सुधार
- **भूमि और श्रम**: सुधारों के लिए आसान नियम और प्रोत्साहन
### कर
- **निम्न सीमा शुल्क**: सस्ते मोबाइल फोन और सोना
- **आयकर**: सरल दरें, उच्च पूंजीगत लाभ कर
यह संस्करण मुख्य बिंदुओं को बहुत सरल शब्दों में प्रस्तुत करता है, जिससे इसे समझना आसान हो जाता है।
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